लोकेश्वर सिंह ठाकुर की रिपोर्ट।
*चांदनी चौक भनसुली में छत्तीसगढ़ की पारंपरिक ‘अक्ती तिहार’ पर ‘पुतरा-पुतरी विवाह’ धूमधाम से संपन्न*
_*नन्हे-मुन्ने बच्चों ने निभाई पारंपरिक रस्में*,*विधायक प्रतिनिधि अशोक साहू जी ने दिया आशीर्वाद*_…
*भनसुली, दुर्ग | 19अप्रैल 2026*
छत्तीसगढ़ की समृद्ध लोक-संस्कृति एवं परंपराओं को जीवंत रखते हुए आज चांदनी चौक, भनसुली में *‘अक्ती तिहार’* के पावन अवसर पर पारंपरिक *‘पुतरा-पुतरी विवाह’* का आयोजन बड़े ही हर्षोल्लास एवं धूमधाम के साथ संपन्न हुआ। कार्यक्रम में गाँव के छोटे-छोटे बच्चों द्वारा पूरे रीति-रिवाज से पुतरा-पुतरी का विवाह संपन्न कराया गया, जिसने उपस्थित सभी लोगों का मन मोह लिया।
इस लोक-पर्व के *‘टिकवान’* की रस्म के अवसर पर पूर्व जिला पंचायत सदस्य एवं वर्तमान विधायक प्रतिनिधि *श्री अशोक साहू जी* मुख्य रूप से सम्मिलित हुए। उन्होंने नव-दंपति स्वरूप पुतरा-पुतरी को तिलक लगाकर आशीर्वाद प्रदान किया एवं बच्चों के साथ इस परंपरा का निर्वहन करने वाले परिजनों की सराहना की।
*इस अवसर पर अपने संबोधन में श्री अशोक साहू ने कहा अक्ती तिहार केवल एक त्यौहार नहीं, छत्तीसगढ़ की माटी की सुगंध और हमारी पहचान है। पुतरा-पुतरी विवाह जैसी परंपराएँ बच्चों में संस्कार, सामाजिकता और अपनी जड़ों से जुड़ाव पैदा करती हैं। आज की पीढ़ी को मोबाइल और टीवी से निकालकर जब हम अपनी लोक-संस्कृति से जोड़ते हैं, तभी सच्चे अर्थों में ‘विकसित छत्तीसगढ़’ का सपना पूरा होगा। हर गाँव-हर घर तक अपनी परंपरा, अपनी भाषा और अपने तीज-त्यौहारों का गौरव पहुँचे। आप सभी बच्चों को मेरा आशीर्वाद है — खूब पढ़ो, आगे बढ़ो और अपनी संस्कृति को हमेशा जीवित रखो।”_
गाँव के बुजुर्गों ने अक्ती तिहार के महत्व पर प्रकाश डालते हुए बताया कि यह पर्व कृषि-संस्कृति का प्रतीक है, जिसमें अच्छी फसल की कामना के साथ पुतरा-पुतरी विवाह कराया जाता है।
*इस अवसर पर प्रमुख रूप से दानी राम तारक डॉ के .के. साहू ,टुकेश निर्मलकर ,वीणा तारक, कुमकुम तारक, प्रतिज्ञा सेन भूमि सेन जानू तारक , मोतिम तारक,सालू निर्मलकर दामिनी निर्मल , आरती, चिंकी साहू, पूजा साहू सहित बड़ी संख्या में ग्रामवासी उपस्थित रहे।*





